दिल्ली में छठ पूजा की धूम: CM रेखा गुप्ता ने 27 अक्टूबर को सरकारी छुट्टी का किया ऐलान

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 27 अक्टूबर (सोमवार) को छठ पूजा के उपलक्ष्य में सरकारी छुट्टी की घोषणा की है। उन्होंने बताया कि यह चार दिवसीय पर्व का सबसे महत्वपूर्ण तीसरा दिन है। सीएम ने प्रकृति को समर्पित इस त्योहार की शुभकामनाएं देते हुए, भक्तों के लिए सभी घाटों पर स्वच्छता, सुरक्षा और आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित करने का आश्वासन भी दिया है।
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नई दिल्ली: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस वर्ष छठ पूजा के उपलक्ष्य में एक महत्वपूर्ण घोषणा की है। उनके कार्यालय द्वारा जारी एक विज्ञप्ति के अनुसार, सोमवार, 27 अक्टूबर को दिल्ली में सरकारी छुट्टी (public holiday) घोषित की गई है। यह निर्णय इसलिए लिया गया है क्योंकि यह शुभ दिन चार दिवसीय छठ पर्व का सबसे महत्वपूर्ण और तीसरा दिन है।

खबर की मुख्य बातें:

  • CM रेखा गुप्ता ने 27 अक्टूबर, 2025 को दिल्ली में सरकारी छुट्टी घोषित की
  • यह दिन चार दिवसीय छठ पर्व का सबसे महत्वपूर्ण तीसरा दिन
  • इस दिन भक्त सूर्यास्त के समय डूबते सूर्य देव को अर्घ्य अर्पित करते हैं
  • छठ पर्व 25 अक्टूबर से 28 अक्टूबर तक चलेगा
  • पहला दिन: नहाय-खाय (कार्तिक शुक्ल पक्ष चतुर्थी)
  • दूसरा दिन: खरना (पंचमी)
  • तीसरा दिन: मुख्य छठ पूजा (षष्ठी) – 27 अक्टूबर को छुट्टी
  • चौथा दिन: ऊषा अर्घ्य (सप्तमी) – उगते सूर्य को अर्घ्य
  • CM ने छठ को आस्था, भक्ति और स्वच्छता का प्रतीक बताया
  • पर्व पर्यावरण संरक्षण का संदेश देता है
  • दिल्ली सरकार ने सभी छठ घाटों पर व्यापक इंतजाम किए
  • घाटों पर स्वच्छता, सुरक्षा और आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित
  • मंत्री आशीष सूद ने महावीर एन्क्लेव में छठ घाट का निरीक्षण किया
  • छठ पूजा बिहार, झारखंड, उत्तर प्रदेश में विशेष महत्व
  • त्योहार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी मनाया जाता है

त्योहार की महत्ता और छुट्टी की वजह

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने स्पष्ट किया कि 27 अक्टूबर को अवकाश इसलिए रखा गया है क्योंकि यह चार दिवसीय त्योहार का सबसे महत्वपूर्ण तीसरा दिन होता है। छठ पूजा के मुख्य दिन, भक्त सूर्यास्त के समय नदियों या तालाबों के किनारे एकत्रित होकर डूबते सूर्य देव को अर्घ्य (प्रार्थना) अर्पित करते हैं।

इस दिन सुबह से ही परिवार विभिन्न अनुष्ठानों को करने में व्यस्त रहते हैं, और इन तैयारियों को ध्यान में रखते हुए सरकार ने 27 अक्टूबर को सार्वजनिक अवकाश घोषित किया है।

CM की शुभकामनाएं

सीएम रेखा गुप्ता ने इस अवसर पर सभी भक्तों को अपनी शुभकामनाएं दीं। उन्होंने छठ पर्व की महत्ता बताते हुए कहा कि यह त्योहार प्रकृति को समर्पित है, जहां लोग सूर्य देव और छठी मैया की पूजा करते हैं।

आस्था, सद्भाव और पर्यावरण संरक्षण का संदेश

विज्ञप्ति के अनुसार, मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि छठ का त्योहार आस्था, भक्ति और स्वच्छता का प्रतीक है। यह प्रकृति, जल और सूर्य की पूजा के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का भी संदेश देता है।

भारतीय संस्कृति का उत्सव

सीएम ने यह भी नोट किया कि छठ पर्व भारतीय संस्कृति की समृद्ध परंपराओं और लोकप्रिय आस्था का उत्सव मनाता है। यह त्योहार परिवारों, समाज और समुदायों को एकजुट करता है और आपसी सद्भाव व मेल-जोल को मजबूत करता है।

उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह पर्व सभी के जीवन में खुशी, समृद्धि और नई ऊर्जा का संचार करेगा।

घाटों पर सुविधाओं की गारंटी

भक्तों की सुविधा को सुनिश्चित करते हुए, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने यह आश्वासन दिया है कि दिल्ली सरकार ने सभी छठ घाटों पर व्यापक इंतजाम किए हैं। सरकार ने सुनिश्चित किया है कि घाटों पर स्वच्छता, सुरक्षा, और सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध हों, ताकि श्रद्धालु शांतिपूर्ण तरीके से अपने अनुष्ठान कर सकें।

घाटों का निरीक्षण

दिल्ली में यह घोषणा तब आई है जब अन्य सरकारी मंत्री और अधिकारी भी छठ महापर्व से पहले घाटों का निरीक्षण कर रहे हैं। दिल्ली के मंत्री आशीष सूद ने महावीर एन्क्लेव में छठ घाट का निरीक्षण किया।

छठ पर्व का व्यापक स्वरूप

छठ पूजा एक अत्यंत लोकप्रिय त्योहार है जो देश भर में व्यापक रूप से मनाया जाता है, विशेष रूप से बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों में इसकी विशेष महत्ता है। यह पर्व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी मनाया जाता है।

चार दिवसीय उत्सव

यह चार दिवसीय उत्सव 25 अक्टूबर से 28 अक्टूबर तक चलता है:

पहला दिन (25 अक्टूबर) – नहाय-खाय: इसकी शुरुआत कार्तिक शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि को नहाय-खाय से होती है, जिसमें शुद्धिकरण और तैयारी पर ध्यान केंद्रित किया जाता है।

दूसरा दिन (26 अक्टूबर) – खरना: पंचमी तिथि को खरना मनाया जाता है।

तीसरा दिन (27 अक्टूबर) – मुख्य छठ पूजा: षष्ठी को मुख्य छठ पूजा मनाई जाती है। इस दिन डूबते सूर्य को अर्घ्य दिया जाता है। इस दिन सरकारी छुट्टी रहेगी।

चौथा दिन (28 अक्टूबर) – ऊषा अर्घ्य: यह त्योहार सप्तमी तिथि को ऊषा अर्घ्य (उगते सूर्य को अर्घ्य) के साथ समाप्त होता है।

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