बेंगलुरु: दक्षिण बेंगलुरु के उत्तराहल्ली (Uttarahalli) इलाके से एक अत्यंत भयावह और दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक 17 वर्षीय किशोरी पर आरोप है कि उसने अपने दोस्तों के साथ मिलकर अपनी ही 34 वर्षीय मां नेत्रावथी की हत्या कर दी और इस जघन्य अपराध को आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की। नेत्रावथी एक लोन रिकवरी कंपनी में टेलीकॉलर और हेल्पर के तौर पर काम करती थीं। वह अपने पति से अलग होकर अपनी बेटी के साथ अकेली रहती थीं। यह दुखद घटना 25 अक्टूबर की शाम को हुई थी, लेकिन इसका खुलासा 29 अक्टूबर, 2025 को तब हुआ जब लड़की ने अपनी दादी के घर पर जाकर अपराध कबूल कर लिया।
खबर की मुख्य बातें:
- दक्षिण बेंगलुरु के उत्तराहल्ली इलाके में भयावह हत्याकांड
- 17 वर्षीय किशोरी ने अपनी 34 वर्षीय मां नेत्रावथी की हत्या की
- हत्या में 5 नाबालिग शामिल – किशोरी, बॉयफ्रेंड (17), तीन अन्य लड़के (13-17 वर्ष)
- घटना 25 अक्टूबर की शाम को हुई
- खुलासा 29 अक्टूबर, 2025 को हुआ
- कारण: मां ने लड़कों के साथ देखकर डांटा, बॉयफ्रेंड का मोबाइल छीना
- मां ने पुलिस बुलाने की धमकी दी
- किशोरों ने तौलिये से गला घोंटकर हत्या की
- फिर साड़ी से फांसी पर लटकाया – आत्महत्या का ड्रामा
- किशोरी 3 दिन तक बॉयफ्रेंड की महिला दोस्त के घर रही
- झूठ बोला: “मां काम से बाहर गई हैं”
- परिवार ने शुरू में आत्महत्या समझा, अपहरण की शिकायत दर्ज की
- किशोरी कग्गलिपुरा में दादी के घर पहुंची
- बुआ की पूछताछ पर रोते हुए अपराध कबूला
- 4 आरोपी गिरफ्तार, सबसे छोटा (13 वर्ष) फरार
- BNS धारा 103 के तहत हत्या का मामला दर्ज
- नेत्रावथी लोन रिकवरी कंपनी में काम करती थीं
- पति से अलग, बेटी के साथ अकेली रहती थीं
डांट और धमकी बनी हत्या का कारण
पुलिस के अनुसार, घटना 25 अक्टूबर की शाम को हुई जब किशोरी अपने चार दोस्तों के साथ घर पहुंची, जिसमें उसका 17 वर्षीय बॉयफ्रेंड और तीन अन्य लड़के शामिल थे जिनकी उम्र 13 से 17 वर्ष के बीच थी। उस समय, नेत्रावथी शराब पीकर सो रही थीं।
मां का गुस्सा
जब नेत्रावथी जागीं और उन्होंने अपनी बेटी को लड़कों के साथ देखा, तो वह गुस्से से भर गईं और उन्होंने बेटी को डांटा। गुस्से में आकर उन्होंने बेटी के बॉयफ्रेंड का मोबाइल छीन लिया और पुलिस को बुलाने की धमकी भी दी।
घातक फैसला
इस धमकी और डांट से घबराए किशोरों ने नेत्रावथी को काबू में किया और एक तौलिये से उनका गला घोंट दिया।
हत्या को आत्महत्या दर्शाने की साज़िश
जब किशोरों को यह महसूस हुआ कि नेत्रावथी की मृत्यु हो चुकी है, तो उन्होंने पुलिस के शक से बचने के लिए एक साजिश रची। उन्होंने शव को साड़ी से फांसी पर लटका दिया ताकि यह मामला आत्महत्या जैसा लगे।
3 दिन का ड्रामा
हत्या के बाद, किशोरी ने घर में ताला लगा दिया और तीन दिनों तक अपने बॉयफ्रेंड की महिला दोस्त के घर रही। इस दौरान, उसने लोगों से झूठ बोला कि उसकी मां किसी काम से बाहर गई हैं।
हालांकि, उसके अजीब व्यवहार के कारण उसे वहां से भी निकाल दिया गया।
परिजनों ने देखा शव, फिर हुआ सच का खुलासा
नेत्रावथी के पार्टनर, जो पिछले पांच साल से उनके साथ संबंध में थे, जब यात्रा से लौटे तो उन्हें घर बंद मिला। उन्होंने सोचा कि नेत्रावथी शायद बाहर गई होंगी।
शव की खोज
कुछ दिनों बाद, जब परिजनों ने खिड़की से अंदर झाँका, तो शव फांसी पर लटका हुआ दिखाई दिया। परिवार ने शुरू में इसे आत्महत्या समझा, और चूँकि लड़की लापता थी, उन्होंने अपहरण की शिकायत भी दर्ज कराई।
दादी के घर जाकर कबूला अपराध
हालांकि, मामले का सच तब सामने आया जब किशोरी कग्गलिपुरा में अपनी दादी के घर पहुंची। उसके अजीब और परेशान कर देने वाले बर्ताव ने परिवार को शक में डाल दिया।
जब उसकी बुआ ने उससे पूछताछ की, तो किशोरी ने रोते हुए मां की हत्या और आत्महत्या का ड्रामा रचने की पूरी कहानी कबूल कर ली।
पांच नाबालिग आरोपी, एक फरार
पुलिस की जांच से पुष्टि हुई है कि इस हत्या में कुल पांच नाबालिग शामिल थे:
- 17 वर्षीय किशोरी
- 17 वर्षीय बॉयफ्रेंड
- तीन अन्य लड़के (13-17 वर्ष)
आरोपियों का विवरण
इन आरोपियों में से एक लड़का मात्र 13 साल का है और सातवीं कक्षा में पढ़ता है, जबकि बाकी आरोपी स्कूल छोड़ चुके हैं।
कानूनी कार्रवाई
दक्षिण-पश्चिम बेंगलुरु की पुलिस उपायुक्त अनिता बी. हड्डन्नावर के अनुसार, पुलिस ने मृतका की बड़ी बहन अनिता की शिकायत पर भारतीय न्याय संहिता (Bharatiya Nyaya Sanhita) की धारा 103 के तहत हत्या का मामला दर्ज किया है।
पुलिस ने चार आरोपियों को हिरासत में ले लिया है, जबकि सबसे छोटा आरोपी अभी फरार है।
जांच जारी
पुलिस अब सभी आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है। जांच का मुख्य बिंदु यह पता लगाना है कि यह अपराध पूर्व नियोजित था या गुस्से में लिया गया एक आकस्मिक फैसला था।






